

यह मामला हापुड़ पुलिस की प्रभावी कार्रवाई और पशु क्रूरता व गौकशी के खिलाफ सख्त कदम उठाने की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। अभियुक्त रामबहादुर को न्यायालय द्वारा सजा सुनाना इस बात का प्रमाण है कि कानून तोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जा रही है।
मामले के मुख्य बिंदु:
अपराध का विवरण: अभियुक्त रामबहादुर पर गौकशी और पशु क्रूरता का मामला धारा 5/8 गौवध निवारण अधिनियम और 3/11 पशु क्रूरता अधिनियम के तहत दर्ज किया गया था।
पुलिस की कार्रवाई: हापुड़ पुलिस ने अभियुक्त को गिरफ्तार कर सभी आवश्यक साक्ष्य जुटाए और आरोप पत्र माननीय न्यायालय में प्रस्तुत किया।
सजा: माननीय न्यायालय ने अभियुक्त को जुर्म इकबाल के आधार पर 15 दिनों की जेल में बिताई अवधि को सजा मानते हुए 1,050 रुपये के अर्थदंड से भी दंडित किया।
अभियुक्त का विवरण: दोषसिद्ध अपराधी रामबहादुर पुत्र छोटे उर्फ छिद्दा मुरादाबाद के ग्राम पटई का निवासी है।
यह कार्रवाई कानून व्यवस्था को मजबूत करने के साथ-साथ पशु क्रूरता और गौकशी के मामलों में कठोर संदेश देती है। पुलिस और न्यायपालिका की ऐसी प्रभावी कार्रवाई समाज में अपराधों पर लगाम लगाने के लिए प्रेरणा देती है।