घर से नाराज होकर निकली थी किशोरी, होमगार्ड समेत दो आरोपियों ने बनाया हवस का शिकार
गाज़ियाबाद | शहर में किसी भी प्रकार की दिक्कत या परेशानी होती है तो लोग पुलिस के पास जाते है। पर गाजियाबाद से एक ऐसी खबर सामने आयी जिसे सुनकर आपके भी पैरों तले जमीन खिसक जाएगी।
जिस पुलिस अधिकारियों पर आप पूर्ण विश्वास करते हो उसने ही एक नाबलिकग बच्ची के साथ सामूहिक दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया है। इसके लेकर पीड़िता के परिवार ने लोनी थाने की पुलिस को शिकायत दी है। वहीं, एक होमगार्ड समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
मिली जानकारी के मुताबिक लोनी थाने स्तिथ एक बच्ची परिवार के साथ रहती है। कुछ दिनों पहले बच्ची को उसकी मां ने डांटा था क्योंकि उसने अपने भाई का मोबाइल तोड़ दिया था।
इसके बाद बच्ची गुस्से में आकर बागपत जिले के बड़ौत कस्बे में अपनी मौसी के घर जाने के लिए घर से निकल गई। लोनी के एक बाजार में लड़की ने अपना मोबाइल ठीक करवाया और एक ई रिक्शा में सवार हो गई
जिसमें वंश नाम का एक यात्री पहले से ही यात्रा कर रहा था । वंश ने जैसे ही बच्ची को अकेले पाया तो उसने बच्ची को बस स्टैंड तक छोड़ने में मदद करने का लालच देकर उसे होमगार्ड प्रमोद के घर ले गया।
आरोप है जहां दोनों ने लड़की से दुष्कर्म की वारदात को अंजाम दिया। उन्होंने लड़की को धमकी दी कि अगर उसने घटना के बारे में किसी को बताया तो वह उसे जान से मार देंगे। किसी तरह बच्ची वपस घर पहुंची तो उसने परिजनों को आपबीती सुनाई।
लोनी के सहायक पुलिस आयुक्त (एसीपी) रजनीश उपाध्याय ने बताया कि लोनी थाना क्षेत्र के लक्ष्मी गार्डन कॉलोनी स्थित घर में शनिवार को होमगार्ड और एक युवक ने 12 वर्षीय किशोरी से सामूहिक दुष्कर्म किया। पुलिस ने इस मामले में होमगार्ड प्रमोद (40) और वंश (20) को गिरफ्तार किया है।
जिन्होंने बच्ची को बारी-बारी से हवस का शिकार बनाया और हालत गंभीर होने पर मौके से फरार हो गए। इस मामले में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने एक होमगार्ड समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है।